भंडाण महोत्सव ने रचा सामाजिक एकता और परंपरा का नया अध्याय

ट्रिपल एस ओ न्यूज, लूणकरणसर। भंडाण क्षेत्र में सात दिनों तक चले भंडाण महोत्सव का समापन परंपरागत खेलों, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और जनभागीदारी के साथ भव्य रूप से सम्पन्न हुआ। महोत्सव के अंतिम दिन आयोजित कुश्ती एवं रस्साकशी प्रतियोगिताओं ने दर्शकों में रोमांच भर दिया। खास बात यह रही कि इन प्रतियोगिताओं में बुजुर्गों की सक्रिय भागीदारी ने युवाओं को भी प्रेरित किया और खेल भावना का अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया।

भंडाण महोत्सव ने रचा सामाजिक एकता और परंपरा का नया अध्याय
भंडाण महोत्सव ने रचा सामाजिक एकता और परंपरा का नया अध्याय

महोत्सव का शुभारंभ 11 जनवरी को हुआ, जिसमें सांस्कृतिक संध्याओं ने पूरे क्षेत्र को उत्सवमय माहौल में रंग दिया। बॉलीवुड गायक शहजाद अली सहित विभिन्न राजस्थानी लोक कलाकारों, कवियों और स्थानीय कंटेंट क्रिएटर्स ने अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों को खूब मनोरंजन प्रदान किया। इसके साथ ही आयोजित खो-खो, कबड्डी प्रतियोगिताएं एवं करियर काउंसलिंग सेमिनार ने महोत्सव को बहुआयामी स्वरूप दिया।

सप्ताह भर चले इस आयोजन में आसपास के गांवों सहित दूर-दराज़ से आए हजारों दर्शकों और खिलाड़ियों ने सहभागिता की। आयोजनकर्ता विनोद गोदारा ने कहा कि भंडाण महोत्सव केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि आपसी भाईचारे, प्रेम और सामाजिक समरसता का प्रतीक है। उन्होंने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी प्रायोजकों, खिलाड़ियों, कलाकारों और ग्रामवासियों का आभार जताया।

महोत्सव में सहप्रायोजक के रूप में जीनोवा सोलर, सीताराम डूडी (डूडीवाली), राजाराम धारणिया ग्रुप, रामलक्षमण गोदारा (कालासर), कॉन्सेप्ट कोचिंग, एमएस मसाला, पाबूजी टेंट हाउस, श्याम साउंड एवं फौजी स्टूडियो का सराहनीय योगदान रहा।

समापन अवसर पर क्षेत्रीय प्रतिभाओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों एवं विशिष्ट अतिथियों का सम्मान किया गया। भंडाण महोत्सव ने ग्रामीण खेलों और लोकसंस्कृति को नई पहचान देते हुए क्षेत्र में सकारात्मक संदेश दिया।

रिपोर्ट भैराराम तर्ड लूणकरणसर

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