ट्रिपल एस ओ न्यूज, बीकानेर। हेलमेट और सीट बेल्ट सड़क पर दौड़ते वाहन चालकों के लिए सुरक्षा कवच हैं। इनका उपयोग न करने पर न केवल जुर्माना भरना पड़ सकता है, बल्कि दुर्घटना की स्थिति में गंभीर शारीरिक व आर्थिक क्षति के साथ जीवन भी खतरे में पड़ सकता है।
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| हेलमेट: भागती जिंदगी का सुरक्षा कवच |
यह बात यातायात पुलिस के सहायक उप निरीक्षक श्री अयूब खां ने राजकीय महाविद्यालय गंगाशहर में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कही। उन्होंने सड़क सुरक्षा एवं यातायात नियमों की विस्तृत जानकारी रोचक ढंग से प्रस्तुत की। साथ ही ब्रेथ एनालाइजर एवं चालान मशीन का प्रत्यक्ष प्रदर्शन कर उनकी कार्यप्रणाली भी समझाई।
कार्यक्रम के दौरान बीकानेर पुलिस द्वारा तैयार एक लघु फिल्म भी प्रदर्शित की गई, जिसने अपने प्रभावशाली फिल्मांकन से उपस्थित विद्यार्थियों को भावुक कर दिया और सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक किया।
महाविद्यालय की प्राचार्य प्रो. बबीता जैन ने अपने उद्बोधन में कहा कि युवा वर्ग सड़क दुर्घटनाओं के दृष्टिकोण से सबसे अधिक संवेदनशील है, इसलिए उन्हें जागरूक करना अत्यंत आवश्यक है।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. खुशाल पुरोहित ने किया। इस अवसर पर राज्य सरकार द्वारा आयोजित ‘आत्मनिर्भर भारत एवं स्वदेशी’ विषयक राज्य स्तरीय निबंध प्रतियोगिता में शीर्ष 20 में स्थान प्राप्त करने वाली महाविद्यालय की छात्रा रुक्मणी शर्मा को भी सम्मानित किया गया। उन्हें राज्य सरकार द्वारा पूर्व में पुरस्कृत भी किया जा चुका है।
कार्यक्रम के अंत में धन्यवाद ज्ञापन डॉ. प्रेम रतन हटीला द्वारा किया गया।

