ट्रिपल एस ओ न्यूज, उदयपुर, 15 सितंबर। आबकारी आयुक्त नमित मेहता के निर्देशन में प्रदेशभर में अवैध शराब के निर्माण, भंडारण, परिवहन और बिक्री के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष निरोधात्मक अभियान के तहत प्रभावी कार्रवाई जारी है। इस अभियान के तहत बीकानेर में आबकारी विभाग की टीम ने भारतमाला रोड सेजड़ासर सरहद पर नाकाबंदी कर पंजाब निर्मित अंग्रेजी शराब की एक बड़ी खेप पकड़ी है।
![]() |
| आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई: बीकानेर में 65 लाख रुपये की अवैध शराब बरामद, प्रदेशभर में 19 हजार लीटर वॉश नष्ट व 23 गिरफ्तार |
पशु आहार और भूसे के नीचे छिपाई थी शराब जिला आबकारी अधिकारी संजीव कुमार पटावरी के अनुसार, मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर लूणकरणसर आबकारी थाना टीम ने नाकाबंदी कर ट्रक (पंजीकरण संख्या: PB 02 ET 4815) को रोककर तलाशी ली। ट्रक में पशु आहार और लकड़ी के भूसे के कट्टों के नीचे छिपाकर रखी गई अवैध शराब बरामद की गई।
![]() |
| आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई: बीकानेर में 65 लाख रुपये की अवैध शराब बरामद, प्रदेशभर में 19 हजार लीटर वॉश नष्ट व 23 गिरफ्तार |
- जब्त शराब: पंजाब निर्मित अंग्रेजी शराब के कुल 732 कार्टन (रॉयल चैलेंज के 227 कार्टन, 380 कार्टन पव्वे और ऑल सीजन ब्रांड के 125 कार्टन)।
- अनुमानित कीमत: करीब 65 लाख रुपये।
- गिरफ्तारी: मौके से ट्रक चालक जयराम विश्नोई (निवासी जालौर) को गिरफ्तार किया गया।
सराहनीय भूमिका यह कार्रवाई अतिरिक्त आबकारी आयुक्त बीकानेर जोन मनीषा लेघा, उपायुक्त ईपीएफ पोमाराम रोहिण और डीईओ बीकानेर संजीव कुमार पटावरी के सुपरविजन में सहायक आबकारी अधिकारी प्रताप सिंह डूडी के नेतृत्व में संपन्न हुई। डीईओ पाली मनोज बिस्सा व सिपाही मनोज द्वारा दी गई सूचना इस सफलता में अहम रही।
प्रदेशव्यापी अभियान के मुख्य आंकड़े अभियान के दौरान प्रदेशभर में दर्ज 87 मामलों में 23 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया:
- नष्ट वॉश: 19,220 लीटर वॉश व भट्टियां नष्ट।
- जब्ती: 498 लीटर हथकड़ शराब, 340 लीटर देशी मदिरा (कीमत ₹89,596), 72 लीटर भारत निर्मित विदेशी मदिरा (कीमत 72,340 रुपए) और 116 लीटर बीयर (कीमत 23,327 रुपए)।
इसके अतिरिक्त सवाई माधोपुर, बांसवाड़ा, झालावाड़, जोधपुर, श्रीगंगानगर, सूरतगढ़, अनूपगढ़, सिरोही और बूंदी जिलों में भी दबिश देकर अवैध मदिरा व चालू भट्टियों को नष्ट कर अभियोग दर्ज किए गए हैं। विभाग द्वारा अवैध शराब के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति के तहत कार्रवाई लगातार जारी है।


