ट्रिपल एस ओ न्यूज, सूरतगढ़, 7 जुलाई। नगर पालिका द्वारा वार्ड संख्या 39 एवं 42 में कराए जा रहे गंदे पानी के नाले के निर्माण को लेकर मंगलवार को स्थानीय लोगों का आक्रोश खुलकर सामने आया। सुरक्षा और जल निकासी व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाते हुए बड़ी संख्या में वार्डवासी उपखंड अधिकारी (एसडीएम) कार्यालय पहुंचे और विरोध-प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपते हुए निर्माण कार्य पर तत्काल रोक लगाने की मांग की।
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| खुले नाले पर भड़का वार्डवासियों का गुस्सा, एसडीएम कार्यालय का किया घेराव, निर्माण कार्य रोकने की उठी मांग |
राकेश बिश्नोई एवं पवन ओझा के नेतृत्व में पूर्व वार्ड पार्षद चांद मोहम्मद सहित पहुंचे प्रतिनिधिमंडल ने आरोप लगाया कि नगर पालिका द्वारा बनाया जा रहा नाला अत्यधिक गहरा, चौड़ा और पूरी तरह खुला है। पहले से संकरी सड़क पर इस प्रकार का निर्माण बच्चों, बुजुर्गों, महिलाओं, राहगीरों तथा पशुओं के लिए हर समय दुर्घटना का कारण बन सकता है।
वार्डवासियों ने यह भी आरोप लगाया कि नाले का लेवल तकनीकी रूप से गलत रखा गया है। उनका कहना है कि आगे की ओर जमीन का स्तर अधिक ऊंचा होने से गंदे पानी की निकासी संभव नहीं होगी। ऐसे में बरसात के दिनों में पूरा मोहल्ला जलभराव की समस्या से जूझेगा और गंदा पानी लोगों के घरों तक पहुंचने की आशंका बनी रहेगी।
ज्ञापन में कहा गया कि वर्षों से मोहल्ले के गंदे पानी की निकासी पुराने पंप हाउस की ओर होती रही है। ऐसे में नए नाले का निर्माण भी उसी दिशा में ढलान देकर किया जाना चाहिए, ताकि पानी का बहाव सुचारु बना रहे और भविष्य में किसी प्रकार की परेशानी उत्पन्न न हो।
वार्डवासियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई और निर्माण कार्य नहीं रोका गया, तो उन्हें जनहित में आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
ज्ञापन सौंपने वालों में निजामुद्दीन, भगवान, बरकत अली, नेक मोहम्मद, रमेश दाधीच, वकील सिंह भाटी, राजविंदर सिंह, पूनम चंद, शंकर लाल मोदी, प्रताप सिंह, सुशील शर्मा, प्रवीण शर्मा, राजू मोदी, मनमोहन चावला सहित बड़ी संख्या में वार्डवासी मौजूद रहे।
एसडीएम ने प्रतिनिधिमंडल को मामले की निष्पक्ष जांच कर नियमानुसार उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया।

