ट्रिपल एस ओ न्यूज, रामदेवरा। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर स्थानीय नई बस्ती में पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छता की अनूठी मिसाल देखने को मिली। क्षेत्र के दिव्यांग पर्यावरण प्रेमी दिनेश चौहान ने इस दिन को प्रकृति सेवा के रूप में मनाते हुए क्षेत्र के पेड़-पौधों के संरक्षण का संकल्प दोहराया।
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| गांधी जयंती पर दिव्यांग पर्यावरण प्रेमी दिनेश चौहान ने बिखेरी हरियाली की महक, ग्रामीणों ने की प्रशासन से राजकीय सम्मान की मांग |
दिनेश चौहान ने अपनी शारीरिक चुनौतियों को आड़े न आने देते हुए नई बस्ती और आसपास के रिहायशी इलाकों में लगे पेड़-पौधों की सार-संभाल की। उन्होंने पौधों के आसपास उगी खरपतवार व जमा कचरे को साफ किया और उनमें खाद-पानी दिया। इस अवसर पर दिनेश चौहान ने कहा, "बापू के स्वच्छ भारत का सपना पर्यावरण संरक्षण के बिना अधूरा है। पेड़-पौधे हमारे जीवन का आधार हैं और प्रकृति की सेवा करना ही सबसे बड़ा मानवीय धर्म है।"
ग्रामीणों ने उठाई राजकीय सम्मान की मांग दिनेश चौहान के इस निस्वार्थ प्रयास की पूरे क्षेत्र में सराहना हो रही है। नई बस्ती के निवासियों व प्रबुद्ध नागरिकों ने स्थानीय प्रशासन एवं वन विभाग से सामूहिक रूप से आग्रह किया है कि दिनेश चौहान को उनके निरंतर पर्यावरणीय योगदान के लिए जिला अथवा ब्लॉक स्तर पर राजकीय सम्मान से नवाजा जाए। ग्रामीणों का कहना है कि शारीरिक अक्षमताओं के बावजूद उनकी यह निष्ठा समाज और नई पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत है।

